केंद्र सरकार ने केंद्रीय मोटर वाहन नियम, 1989 में संशोधन के लिए एक मसौदा अधिसूचना जारी की है, जिसका उद्देश्य देश के ईंधन मानकों और वाहन उत्सर्जन नियमों को आधुनिक बनाना है। इस मसौदे में खासतौर पर तकनीकी ईंधन वर्गीकरण को अपडेट किया गया है ताकि बढ़ते इथेनॉल मिश्रण, बायोफ्यूल उपयोग और स्वच्छ ऊर्जा लक्ष्यों को बेहतर तरीके से लागू किया जा सके। सरकार का मानना है कि इन बदलावों से पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ ऊर्जा आत्मनिर्भरता की दिशा में भी तेजी आएगी। प्रस्तावित बदलावों में सबसे महत्वपूर्ण संशोधन हाइड्रोजन ईंधन वर्गीकरण से जुड़ा है, जिसे अब हाइड्रोजन + सीएन से बदलकर हाइड्रोजन + सीएनजी के रूप में मानकीकृत किया गया है। इसके अलावा ई20 (20% इथेनॉल मिश्रित पेट्रोल) के प्रभावी क्रियान्वयन को ध्यान में रखते हुए कुछ श्रेणियों में वाहनों के सकल भार (Gross Vehicle Weight) की सीमा 3,000 किलोग्राम से बढ़ाकर 3,500 किलोग्राम करने का प्रस्ताव रखा गया है। इससे अधिक क्षमता वाले वाहनों को नए ईंधन मानकों के तहत आसानी से शामिल किया जा सकेगा। साथ ही, बायोडीजल से जुड़े नियमों में भी बड़ा बदलाव प्रस्तावित किया गया है, जिसमें B10 के बजाय अब B100 तक के मिश्रण को मान्यता देने की बात कही गई है। इसके अलावा उत्सर्जन परीक्षण के मापदंडों और तकनीकी संकेतकों को भी अधिक मानकीकृत और सख्त बनाने पर जोर दिया गया है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह बदलाव भारत के स्वच्छ ऊर्जा मिशन को गति देगा और भविष्य में प्रदूषण नियंत्रण को और मजबूत करेगा।
Dharmakshetra, Shiv Shakti Mandir, Babu Genu Marg,
Sector 8, Rama Krishna Puram,
New Delhi, Delhi 110022
+91 80031 98250
info@mysba.co.in